आमजन के लिए आमजन द्वारा

पत्नी की हत्या कर दफनाया शव, ढूंढने के लिए सोशल मिडिया में चलाया कैंपेन

126

जयपुर – गुजरात के वडोदरा में तैनात एक इनकम टैक्स इंस्पेक्टर ने अपनी पत्नी की हत्या कर लाश घर में दफन कर दी। यह सनसनीखेज मामला तब सामने आया जब युवती के लापता होने पर परिजनों ने एफआईआर दर्ज कराई। राजस्थान के अलवर में दर्ज हुई एफआईआर पर पुलिस जांच की तो युवती की लाश छह फीट गहरे गड्ढे में दफन मिली।

जयपुर की रहने वाली मुनेश की शादी फरवरी 2017 में लोकेश से हुई थी। शादी के कुछ समय बाद उसके संबंध अलवर की रहने वाली एक दूसरी युवती से हो गए। वह उससे शादी करना चाहता था। युवती ने लोकेश से कहा कि पहले वह मुनेश से तलाक ले। पुलिस ने बताया कि मुनेश पारिवारिक और कानूनी कारणों के चलते मुनेश से तलाक नहीं लेना चाहता था इसलिए उसने मुनेश को मारने का प्लान बनाया।

उसकी तैनाती वडोदरा में थी इसलिए उसने यहां से एक दोस्त को जयपुर भेजा और वहां से मुनेश को अपने पास बुलवाया। यहां उसने मुनेश को मारने की सारी तैयारियां कर लीं। जब मुनेश लोकेश के दोस्त के साथ हारनी स्थित घर पहुंची तो दोनों ने मिलकर मुनेश को मार दिया।

पहले से कर रखी थी सारी तैयारियां
लोकेश ने पत्नी के आने से पहले ही उसे मारने की सारी तैयारियां कर रखी थीं। उसने लाश दफनाने के लिए 6 फीट गहरा गड्ढा खोद रखा था। लाश से बदबू न आए इसलिए कई किलो नमक लाकर रखा था। मुनेश को मारने के बाद उसके पूरे शरीर में नमक लपेटा। लाश गड्ढे में डालकर बाकी बचा नमक उसमें डालकर पानी डाला और गड्ढा बंद कर दिया।

हर कदम पर दिखाई होशियारी
लोकेश ने मुनेश की हत्या का प्लान इतने शातिर दिमाग से रचा कि पुलिस को कोई सुराग आसानी से हाथ नहीं लगा। उसने मुनश के जयपुर से निकलने के पहले फोन पर बात की। उसने मोबाइल पर कहा कि वह उसके मोबाइल फोन जयपुर + में ही छोड़कर आए। उसके दोस्त ने भी उसके फोन जयपुर में ही रखवा दिए।

गढ़ी अपहरण की कहानी, खोजने के लिए चलाया कैंपेन
दिलचस्प बात यह रही की लोकेश ने अपनी पत्नी का गांधी नगर से कुछ युवकों द्वारा अपहरण किए जाने की बात कही थी। जब मुनीश का कहीं पता नहीं चल सका तो लोकेश ने पुलिस पर उसकी पत्नी को न खोजने का आरोप लगाया। उसने खुद मुनीश की तस्वीर विभिन्न वॉट्सऐप + ग्रुप में और सोशल मीडिया में डाली और कहा कि कुछ युवकों ने उसकी पत्नी का अपहरण कर लिया है। पुलिस उसे खोजने का प्रयास नहीं कर रही है।

जयपुर के असिस्टेंट कमिश्नर पुलिस कावेंद्र सिंह ने बताया कि गांधी नगर पुलिस भी इस केस से बहुत परेशान थी। उन्हें कोई सुराग हाथ नहीं लग रहा था। जब मुनेश के परिजनों ने एफआईआर दर्ज कराई तो उन्होंने लोकेश से सख्त पूछताछ की, जिसके बाद उसने मुनेश की हत्या किए जाने की बात स्वीकार की।

Leave A Reply

Your email address will not be published.

Social Media Auto Publish Powered By : XYZScripts.com